हाईलाइट्स:
- एकदिवसीय उपवास: प्रसिद्ध पर्यावरणविद सोनम वांगचुक के आंदोलन के समर्थन में बलिया के छात्र नेताओं ने शहीद पार्क में किया सत्याग्रह।
- बुलंद की आवाज: दिल्ली के जंतर-मंतर से वांगचुक को हटाए जाने पर फूटा आक्रोश; पेपर लीक मामले में शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का मांगा इस्तीफा।
- छात्रों की चेतावनी: बजट कटौती, फीस वृद्धि और पेपर लीक ने युवाओं का भविष्य अंधकार में धकेला, जल्द ठोस कदम न उठने पर बड़े आंदोलन की दी चेतावनी।
बलिया जिला मुख्यालय (सागर गुप्ता): उत्तर प्रदेश के बलिया जनपद में आज प्रसिद्ध पर्यावरणविद व वैज्ञानिक सोनम वांगचुक के अनशन को समर्थन देते हुए छात्रों और छात्र नेताओं ने नगर के शहीद पार्क चौक स्थित गांधी प्रतिमा के नीचे एकदिवसीय उपवास रखकर 'सत्याग्रह' किया। दिल्ली के जंतर-मंतर पर विगत बीस दिनों से पेपर लीक के गंभीर विषय और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर सोनम वांगचुक अनशन पर बैठे हैं। इसी आंदोलन की धार को तेज करने और अपना समर्थन देने के लिए बलिया के छात्र नेताओं ने सामूहिक रूप से उपवास रखा।
सरकार संवाद के बजाय दमन की नीति अपना रही: प्रवीण सिंह
उपवास पर बैठे छात्र नेता प्रवीण कुमार सिंह ने सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा, "आज देश में सरकार शिक्षा की जड़ों को खोखला करने पर आमादा है। पेपर लीक, विश्वविद्यालयों की बजट कटौती, छात्रवृत्ति में कमी, फीस वृद्धि और छात्र संघ बहाली जैसे गंभीर विषयों को लेकर देश एक बड़े आंदोलन की तरफ बढ़ रहा है। लेकिन सरकार छात्रों की समस्याओं पर संवाद स्थापित करने के बजाय तंत्र का दुरुपयोग कर सोनम वांगचुक को जंतर-मंतर से सुबह ही उठा ले गई। सरकार आंदोलन को कुचलकर देश के छात्रों की आवाज को दबा नहीं सकती।"
पेपर लीक ने गरीब बच्चों के भविष्य को अंधकार में धकेला
एकदिवसीय उपवास के संयोजक दिग्विजय पासवान और छात्र नेता अमन सिंह ने संयुक्त रूप से सरकार की नीतियों पर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि शिक्षा व्यवस्था को ध्वस्त करके देश को 'विश्वगुरु भारत' कैसे बनाया जा सकता है? आज एक के बाद एक हो रहे पेपर लीक ने दिन-रात तैयारी करने वाले गरीब बच्चों के भविष्य को पूरी तरह अंधकार में धकेल दिया है। छात्र नेताओं ने मांग की कि सरकार जल्द से जल्द इस दिशा में ठोस कदम उठाए और सोनम वांगचुक से सीधे संवाद स्थापित करे। वहीं उपवास को समर्थन देने पहुंचे संतोष प्रताप सिंह ने कहा कि अब देश के युवाओं को अपने हक के लिए एकजुट होकर एक व्यापक लड़ाई लड़ने की आवश्यकता है।
सत्याग्रह में जुटे दर्जनों छात्र नेता और सामाजिक कार्यकर्ता
शहीद पार्क में आयोजित इस सत्याग्रह और उपवास को धार देने के लिए मौके पर कल्याण सिंह, छात्र नेता मनु कुमार, प्रीतम सिंह प्रधान, रमेश गिरी, अनुभव सिंह, जावेद, अभिषेक शर्मा, वीरेंद्र राजभर, चंदन कन्नौजिया, अभी सिंह, सागर तिवारी, सुजीत पटेल, जाहिद हुसैन, लोकेश यादव, सुधीर सिंह, हिमांशु यादव, राकेश कुमार, विशाल सिंह, मो. सलमान, पिंटू पांडे, बृजकिशोर सिंह, आनंद पाण्डेय, अनुराग पटेल, अनीश सिंह सहित भारी संख्या में छात्रों और स्थानीय नागरिकों ने अपना पुरजोर समर्थन जताया।
